Delhi News: नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर आज NEET पेपर लीक और प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार सामने आ रही गड़बड़ियों के खिलाफ ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) ने बड़ा विरोध प्रदर्शन आयोजित किया। इस प्रदर्शन में देश के कई राज्यों से छात्र, युवा और समर्थक शामिल हुए। प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली पुलिस और पैरामिलिट्री बलों की अतिरिक्त तैनाती की गई।
शिक्षा मंत्री से इस्तीफे की मांग
प्रदर्शनकारियों ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग करते हुए परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की बात कही। छात्रों का कहना है कि बार-बार होने वाले पेपर लीक और परीक्षा घोटालों से लाखों युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है। उनका आरोप है कि वर्षों की मेहनत और आर्थिक निवेश के बावजूद उन्हें निष्पक्ष परीक्षा व्यवस्था नहीं मिल पा रही है।
देशभर से पहुंचे छात्र और समर्थक
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक और राष्ट्रीय अध्यक्ष अभिजीत दीपक भी इस आंदोलन में शामिल होने के लिए विदेश से दिल्ली पहुंचे। मुंबई, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड सहित कई राज्यों से आए छात्रों और युवाओं ने अपनी समस्याएं और अनुभव साझा किए। उनका कहना है कि परीक्षा से जुड़े तनाव, अनिश्चितता और घोटालों के कारण छात्रों पर मानसिक दबाव लगातार बढ़ रहा है।
युवाओं ने उठाई पारदर्शिता की मांग
प्रदर्शन में शामिल छात्रों ने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार सामने आ रही अनियमितताओं के लिए जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए। कई छात्रों ने बताया कि उनके परिवार कोचिंग और तैयारी पर बड़ी रकम खर्च करते हैं, कुछ मामलों में कर्ज तक लेना पड़ता है। ऐसे में परीक्षा प्रक्रिया पर सवाल उठना उनके भविष्य के लिए गंभीर चिंता का विषय बन जाता है।
राष्ट्रीय हित में युवाओं की भागीदारी जरूरी
उत्तराखंड से पहुंचे छात्र प्रतिनिधियों ने कहा कि युवाओं को शिक्षा और भविष्य से जुड़े मुद्दों पर लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज उठानी चाहिए। उनका मानना है कि शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना समय की जरूरत है ताकि छात्रों का विश्वास बना रहे।
CJP ने जारी की विशेष गाइडलाइंस
प्रदर्शन से पहले CJP ने सोशल मीडिया के माध्यम से समर्थकों के लिए कुछ दिशा-निर्देश जारी किए थे। संगठन ने प्रदर्शनकारियों से तिरंगा और एक किताब साथ लाने, कार्यक्रम को रिकॉर्ड करने, किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना देने तथा गर्मी से बचाव के लिए पानी, टोपी और सनस्क्रीन का उपयोग करने की अपील की। साथ ही सभी से शांतिपूर्ण और अहिंसक तरीके से अपनी बात रखने का आग्रह किया गया।
