Muharram Guidelines: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आगामी मोहर्रम को देखते हुए प्रदेश में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि मोहर्रम मातम का अवसर है, इसे शक्ति प्रदर्शन का माध्यम नहीं बनाया जाना चाहिए। सरकार का उद्देश्य है कि त्योहार शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न हो।
जुलूसों में हो नियमों का पालन
सीएम योगी ने साफ कहा कि मोहर्रम के दौरान किसी भी तरह के अस्त्र-शस्त्र प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी जाएगी। इसके अलावा किसी नई परंपरा की शुरुआत भी स्वीकार नहीं की जाएगी।उन्होंने तेज आवाज वाले डीजे, ढोल और ताशों के गलत या अनियंत्रित इस्तेमाल पर भी रोक लगाने के निर्देश दिए।
अधिकारियों को पहले से तैयारी के निर्देश
मंगलवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए मुख्यमंत्री ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था और आने वाले त्योहारों की तैयारियों की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने सभी जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों को निर्देश दिया कि वे मोहर्रम की व्यवस्थाओं को लेकर पहले से लोगों से बातचीत करें और हर जिले में शांति बनाए रखने की योजना तैयार रखें।
हथियार और ऊंचे ताजियों पर रोक
मुख्यमंत्री ने कहा कि मोहर्रम के जुलूसों में किसी भी प्रकार का हथियार दिखाना पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। साथ ही ताजियों की ऊंचाई भी तय मानकों के अनुसार रखनी होगी, ताकि किसी तरह की दुर्घटना या परेशानी से बचा जा सके। सीएम योगी ने निर्देश दिया कि 10 से 12 फीट से अधिक ऊंचे ताजियों की अनुमति नहीं दी जाए। उन्होंने कहा कि सभी लोगों की आस्था का सम्मान किया जाना चाहिए, लेकिन किसी भी स्थिति में नई परंपरा शुरू करने की अनुमति नहीं होगी।
शांति भंग करने वालों पर कार्रवाई
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि अगर कोई व्यक्ति कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। प्रशासन को पूरी सतर्कता के साथ काम करने और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए तैयार रहने को कहा गया है।
बैठक में अधिकारी रहे मौजूद
इस समीक्षा बैठक में सभी मंडलायुक्त, जिलाधिकारी, पुलिस आयुक्त, जोनल अपर पुलिस महानिदेशक, पुलिस महानिरीक्षक, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, पुलिस अधीक्षक और शासन के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने सभी अधिकारियों से त्योहार के दौरान बेहतर समन्वय के साथ काम करने को कहा।
