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उर्मिला मातोंडकर और राम गोपाल वर्मा ने मंदिर में की थी गुपचुप शादी? सीनियर जर्नलिस्ट का बड़ा दावा

Bollywood News: 90 के दशक की मशहूर अभिनेत्री उर्मिला मातोंडकर और फिल्ममेकर राम गोपाल वर्मा का नाम एक समय बॉलीवुड के सबसे चर्चित रिश्तों में गिना जाता था। अब कई साल बाद दोनों का रिश्ता एक बार फिर सुर्खियों में है। वजह है बॉलीवुड के सीनियर जर्नलिस्ट ज्योति वेंकटेश का एक नया दावा, जिसने सोशल मीडिया पर नई बहस छेड़ दी है।

सीनियर जर्नलिस्ट ने किया बड़ा दावा

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हाल ही में एक इंटरव्यू में ज्योति वेंकटेश ने दावा किया कि उर्मिला मातोंडकर और राम गोपाल वर्मा ने कथित तौर पर आंध्र प्रदेश के एक मंदिर में गुपचुप शादी की थी। उनके अनुसार, उस समय दोनों एक-दूसरे के बेहद करीब थे और उनका रिश्ता काफी चर्चा में रहता था।हालांकि, इस दावे की पुष्टि किसी आधिकारिक दस्तावेज या दोनों सितारों की ओर से नहीं की गई है।

चिरंजीवी का नाम लेकर सुनाई पूरी कहानी

ज्योति वेंकटेश ने बताया कि फिल्म ‘जेंटलमैन’ के सेट पर अभिनेता चिरंजीवी ने उन्हें इस कथित शादी के बारे में जानकारी दी थी। उन्होंने दावा किया कि चिरंजीवी ने उनसे पूछा था कि उन्होंने इस शादी की खबर क्यों नहीं लिखी। पत्रकार के मुताबिक, जब उन्होंने सबूत मांगा तो उन्हें मंदिर के पुजारी का संपर्क भी दिया गया था।यह दावा पूरी तरह पत्रकार के बयान पर आधारित है और इसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।

उर्मिला का आया भावुक रिएक्शन

जर्नलिस्ट के मुताबिक खबर प्रकाशित करने से पहले उन्होंने उर्मिला मातोंडकर से संपर्क किया। उनका दावा है कि इस विषय पर बात करते हुए उर्मिला भावुक हो गईं और उन्होंने ऐसी खबर प्रकाशित न करने की अपील की।वहीं पत्रकार के अनुसार राम गोपाल वर्मा ने इस मामले पर कोई टिप्पणी करने से इनकार कर दिया था।

रिश्ता टूटने की भी बताई वजह

ज्योति वेंकटेश ने यह भी दावा किया कि दोनों के रिश्ते में दूरी इसलिए आई क्योंकि उर्मिला कानूनी रूप से शादी करना चाहती थीं, जबकि राम गोपाल वर्मा इसके लिए तैयार नहीं थे। हालांकि इस दावे की भी किसी आधिकारिक स्रोत से पुष्टि नहीं हुई है।

आधिकारिक पुष्टि नहीं, इसलिए सावधानी जरूरी

फिलहाल उर्मिला मातोंडकर या राम गोपाल वर्मा की ओर से इस कथित सीक्रेट शादी के दावे पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। ऐसे में इसे केवल सीनियर जर्नलिस्ट द्वारा किए गए दावे के रूप में ही देखा जाना चाहिए, न कि स्थापित तथ्य के रूप में।

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