बादाम की खीर, जिसे अक्सर बादाम खीर या बादाम पायसम भी कहा जाता है, भारत की एक लोकप्रिय और पारंपरिक मीठी डिश है। यह खीर दूध और बादाम के अद्भुत संयोजन से बनती है, जिसमें केसर और इलायची जैसी खुशबूदार सामग्री इसका स्वाद और भी समृद्ध कर देती है। यह मिठाई विशेष अवसरों, त्योहारों और पारिवारिक भोजों में परोसी जाती है और बच्चों से लेकर बड़ों तक सभी को पसंद आती है।
बादाम की खीर केवल स्वादिष्ट ही नहीं बल्कि पोषक तत्वों से भरपूर भी होती है। बादाम में प्रोटीन, विटामिन-ई और स्वस्थ वसा जैसे पोषक तत्व होते हैं, जो ऊर्जा प्रदान करने के साथ शरीर के लिए भी फायदेमंद माने जाते हैं। दूध के साथ मिलकर यह खीर कैल्शियम और प्रोटीन का भी अच्छा स्रोत बनती है।
Ingredients (सामग्री)
बादाम की खीर बनाने के लिए कुछ पारंपरिक और आम सामग्री की आवश्यकता होती है:
- ½ कप बादाम (अलकाप)
- 1½–2 कप दूध (फुल क्रीम या लो-फैट)
- 2½ टेबलस्पून चीनी (स्वादानुसार समायोजित करें)
- ¼ चम्मच इलायची पाउडर
- 4–5 केसर के धागे
- एक चमचा घी (वैकल्पिक, स्वाद के लिए)
Step-by-Step Method (बनाने की विधि)
सबसे पहले बादाम को उबलते पानी में कुछ मिनट के लिए भिगोएँ। इसके बाद त्वचा आसानी से उतर जाएगी, और आप छिलके उतार सकते हैं। इससे बादाम का स्वाद और बनावट दोनों बेहतर होती है। छिले हुए बादाम को थोड़ा पानी मिलाकर स्मूथ पेस्ट बना लें। यह पेस्ट खीर को क्रीमी और गाढ़ा बनाता है। एक भारी तले वाली कढ़ाई में दूध गरम करें और इसे उबलने दें। दूध को उबालते समय बीच-बीच में चलाते रहें ताकि यह तले में न लगे। दूध जब उबलने लगे और ऊपर से भाप उठने लगे, तब उसमे बादाम का पेस्ट मिलाएँ। मध्यम आंच पर दूध को उस मिश्रण के साथ पकाएँ, जिससे इसके स्वाद में बादाम अच्छी तरह घुल जाएँ। जब मिश्रण हल्का गाढ़ा हो जाए, तब चीनी, इलायची पाउडर और केसर के धागे डालें। केसर दूध को रंग और खुशबू दोनों प्रदान करता है। चीनी स्वादानुसार मिलाएँ और 3–5 मिनट तक पकाएँ। वैकल्पिक रूप से आप इसमें घी भी मिला सकते हैं — कुछ लोग स्वाद को और भी समृद्ध बनाने के लिए घी जोड़ते हैं।जब खीर अच्छी तरह से पका लें और गाढ़ी हो जाए तो गैस बंद कर दें। इसे कमरे के तापमान पर ठंडा होने दें और फिर फ्रिज में रखकर ठंडा सर्व करें। ठंडी खीर अधिक क्रीमी और स्वादिष्ट लगती है।
Variation & Tips (बदलाव और सुझाव)
- अगर आप पतली खीर पसंद करते हैं, तो दूध की मात्रा थोड़ा बढ़ा सकते हैं।
- केसर की जगह थोड़ा सा गुलाब जल डालकर भी खुशबू बढ़ाई जा सकती है।
- मिश्रण को गाढ़ा पकाने के लिए आप धीमी आंच पर समय बढ़ा सकते हैं जिससे दूध ज्यादा कसकर बनता है।
पोषण एवं स्वास्थ्य लाभ
🔹 ऊर्जा स्रोत: दूध और बादाम दोनों में प्रोटीन और कैल्शियम जैसे तत्व होते हैं, जो शरीर को ऊर्जा देने में मदद करते हैं।
🔹 स्वस्थ वसा: बादाम में मौजूद स्वस्थ वसा दिल-सेहत के लिए लाभदायक मानी जाती है।
🔹 विविध अवसरों के लिए उपयुक्त: यह मिठाई त्योहारों, व्रतों या पारिवारिक समारोहों में परोसी जाती है।
पारंपरिक बादाम की खीर केवल एक मीठी डिश नहीं है बल्कि भारतीय घरों की संस्कृति से जुड़ी एक स्वादिष्ट और पौष्टिक मिठाई है। यह हर मौके पर परोसी जा सकती है — चाहे त्योहार हो, पारिवारिक मिलन हो या सिर्फ किसी खास दिन की मिठास बढ़ानी हो।
