लॉरेंस बिश्नोई गैंग के करीबी गैंगस्टर अमन भैंसवाल को अमेरिका ने डिपोर्ट कर दिया है। हरियाणा के सोंटिपत के सदर गोहाना निवासी अमन को दिल्ली एयरपोर्ट पर उतरते ही दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। वह लॉरेंस गैंग का प्रमुख सदस्य है और हत्या, जबरन वसूली, हथियारों के अवैध धंधे में वांछित था।
अमन भैंसवाल का अपराधिक इतिहास
अमन भैंसवाल लॉरेंस बिश्नोई का हरियाणा मॉड्यूल का प्रमुख है। हरियाणा STF ने 2024 में उसके खिलाफ लुकआउट सर्कुलर जारी किया था। वह सौरभ बराल (काला लॉरेंस गैंग) के साथ काम करता था। उसके नाम पर हत्या प्रयास, उगाही, आपराधिक साजिश और अवैध हथियार रखने के 10+ केस हैं।
अक्टूबर 2024 में इंटरपोल ने उसके खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया। अमन अमेरिका में छिपा था, जहां FBI ने उसे ट्रैक किया। CBI की मदद से डिपोर्टेशन प्रक्रिया पूरी हुई। 25 अक्टूबर 2025 को दिल्ली पहुंचा।
डिपोर्टेशन प्रक्रिया
अमेरिकी अथॉरिटीज ने अमन को अवैध प्रवेश के आरोप में हिरासत में लिया। भारत सरकार ने प्रत्यर्पण अनुरोध किया। डिपोर्टेशन के बाद दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने गिरफ्तार किया। वह लॉरेंस के भाई अनमोल बिश्नोई (नवंबर 2025 में डिपोर्ट) के साथ कनेक्टेड था।
STF ने कहा कि अमन विदेश से भारत में गैंग ऑपरेशंस चला रहा था। गिरफ्तारी से गैंग नेटवर्क पर झटका।
लॉरेंस गैंग का नेटवर्क
लॉरेंस बिश्नोई (साबरमती जेल) का गैंग हत्या, उगाही, ड्रग्स में सक्रिय है। सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड, बाबा सिद्दीकी कत्ल, सलमान खान पर फायरिंग सहित 100+ केस। अमन हरियाणा का लिंक था।
पंजाब STF ने 10 विदेशी गैंगस्टरों के प्रत्यर्पण पर काम तेज किया।
कानूनी कार्रवाई और प्रभाव
अमन को दिल्ली कोर्ट में पेश किया गया। रिमांड मांगी गई। STF हरियाणा ले जाने की तैयारी में। गिरफ्तारी से लॉरेंस गैंग कमजोर हुआ।
