Ebola Alert : केंद्र सरकार ने इबोला संक्रमण के संभावित खतरे को देखते हुए अंतरराष्ट्रीय यात्रियों के लिए नई निगरानी व्यवस्था लागू की है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने ‘एयर सुविधा 2.0’ पोर्टल लॉन्च किया है, जिसके जरिए इबोला प्रभावित देशों से आने वाले यात्रियों की स्क्रीनिंग और निगरानी को मजबूत बनाया जाएगा।
मंत्रालय के अनुसार, भारत आने वाले यात्रियों को यात्रा से पहले ऑनलाइन सेल्फ डिक्लेरेशन फॉर्म (SDF) भरना अनिवार्य होगा। यह व्यवस्था कोरोना महामारी के दौरान लागू किए गए एयर सुविधा पोर्टल की तर्ज पर तैयार की गई है। दिल्ली समेत देश के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों पर पहुंचने वाले यात्रियों को आवश्यकता पड़ने पर यह घोषणा पत्र दिखाना होगा।
21 दिनों की यात्रा और संपर्क जानकारी देनी होगी
नई व्यवस्था के तहत यात्रियों को पिछले 21 दिनों की यात्रा का पूरा विवरण देना होगा। इसके अलावा, उन्हें यह भी बताना होगा कि इस अवधि में उनका किसी संक्रमित या संदिग्ध व्यक्ति के संपर्क में आने का कोई मामला रहा है या नहीं।
यदि किसी यात्री में इबोला से संबंधित लक्षण दिखाई देते हैं, तो उसकी जानकारी भी सेल्फ डिक्लेरेशन फॉर्म में देना आवश्यक होगा। स्वास्थ्य मंत्रालय का मानना है कि इससे संभावित संक्रमण के मामलों की शुरुआती पहचान आसान होगी।
रियल टाइम डेटा शेयरिंग की सुविधा
स्वास्थ्य सेवा महानिदेशालय (DGHS) और स्वास्थ्य मंत्रालय के सहयोग से विकसित यह पोर्टल एयरपोर्ट स्वास्थ्य अधिकारियों, आव्रजन ब्यूरो, एकीकृत रोग निगरानी कार्यक्रम (IDSP) और राज्य स्तरीय निगरानी एजेंसियों के साथ रियल टाइम डेटा साझा करेगा।
इससे उच्च जोखिम वाले यात्रियों की पहचान तेजी से की जा सकेगी और जरूरत पड़ने पर तुरंत स्वास्थ्य निगरानी या जांच की प्रक्रिया शुरू की जा सकेगी।
यात्रियों को मिलेगा आसान अनुभव
सरकार के अनुसार, एयर सुविधा 2.0 के माध्यम से यात्रियों को हवाई अड्डे पर फॉर्म भरने की जरूरत नहीं पड़ेगी। यात्री अपनी उड़ान से 24 घंटे पहले ऑनलाइन फॉर्म भर सकते हैं। इससे आगमन प्रक्रिया अधिक सुगम और संपर्क रहित बनेगी।
यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे वेब चेक-इन के दौरान ही सेल्फ डिक्लेरेशन फॉर्म भर लें, ताकि भारत पहुंचने के बाद निकासी प्रक्रिया में किसी प्रकार की देरी न हो।
किन देशों को माना गया है उच्च जोखिम वाला?
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) द्वारा इबोला संक्रमण को सार्वजनिक स्वास्थ्य आपातकाल घोषित किए जाने के बाद यह कदम उठाया गया है। वर्तमान में युगांडा, कांगो और दक्षिण सूडान समेत कुछ अफ्रीकी देशों को उच्च जोखिम वाले क्षेत्रों की श्रेणी में रखा गया है।
सरकार का कहना है कि एयर सुविधा 2.0 का उद्देश्य देश को इबोला संक्रमण के संभावित खतरे से सुरक्षित रखना और समय रहते आवश्यक स्वास्थ्य निगरानी सुनिश्चित करना है।
