Restaurant Like Taste at Home:घर पर पनीर, सब्जी या कोई ग्रेवी वाली डिश बनाते समय हम अक्सर वही सामग्री इस्तेमाल करते हैं जो रेस्टोरेंट में होती है। फिर भी स्वाद में फर्क क्यों रह जाता है? इसकी वजह हमेशा महंगे मसाले या कोई सीक्रेट रेसिपी नहीं होती। असली फर्क अक्सर खाना बनाने के तरीके, मसाले डालने के क्रम और पकाने के समय से आता है। कुछ छोटी-छोटी बातों का ध्यान रखकर घर के खाने का स्वाद काफी हद तक रेस्टोरेंट जैसा बनाया जा सकता है।
प्याज और टमाटर को दें पूरा समय
रेस्टोरेंट स्टाइल ग्रेवी का बेस उसका सबसे अहम हिस्सा होता है। घर में अक्सर जल्दबाजी में प्याज हल्का भूनकर तुरंत टमाटर और मसाले डाल दिए जाते हैं। इससे ग्रेवी तैयार तो हो जाती है, लेकिन स्वाद में वह गहराई नहीं आती।
प्याज को सुनहरा होने तक भूनना और टमाटर को अच्छी तरह गलने देना जरूरी है। इससे कच्चापन कम होता है और ग्रेवी का स्वाद ज्यादा संतुलित बनता है।
मसाले एक साथ डालना सही नहीं
सारे मसाले एक साथ डाल देने से उनकी खुशबू और स्वाद अच्छी तरह विकसित नहीं हो पाते। साबुत मसालों को शुरुआत में तेल में हल्का भूनने से उनकी खुशबू निकलती है। वहीं पिसे मसालों को बहुत तेज आंच पर लंबे समय तक भूनने से उनका स्वाद खराब हो सकता है।
इसलिए मसालों को सही समय पर डालें और आंच का भी ध्यान रखें।
पानी डालने में न करें जल्दबाजी
ग्रेवी में जरूरत से ज्यादा पानी डालना भी स्वाद बिगाड़ सकता है। ज्यादा पानी से मसालों का स्वाद हल्का पड़ जाता है और फिर लोग स्वाद ठीक करने के लिए अतिरिक्त नमक या मसाला डाल देते हैं।
बेहतर है कि पानी जरूरत के हिसाब से थोड़ा-थोड़ा डालें। मसाले और बेस अच्छी तरह भुनने के बाद ही पानी मिलाने से ग्रेवी ज्यादा स्वादिष्ट बनती है।
धीमी आंच पर पकाने का फायदा
हर चीज को तेज आंच पर जल्दी पकाना जरूरी नहीं है। खासकर ग्रेवी वाली डिश को मध्यम या धीमी आंच पर पकाने से सामग्री का स्वाद अच्छी तरह मिल जाता है। इससे मसाले भी बेहतर तरीके से पकते हैं और ग्रेवी की बनावट ज्यादा अच्छी आती है।
आखिर में डालें खुशबू बढ़ाने वाली चीजें
गरम मसाला, कसूरी मेथी, ताजा धनिया या क्रीम जैसी चीजें कई व्यंजनों में आखिर में डालना बेहतर रहता है। इन्हें बहुत पहले डाल देने से इनकी खुशबू कम हो सकती है।
इसलिए अगली बार घर पर रेस्टोरेंट जैसी डिश बनाने से पहले सिर्फ सामग्री पर नहीं, बल्कि पकाने के क्रम, आंच, समय और पानी की मात्रा पर भी ध्यान दें। इन्हीं छोटी बातों से घर के खाने का स्वाद काफी बदल सकता है।
