Birthday Special: बॉलीवुड के मशहूर कोरियोग्राफर और निर्देशक रेमो डिसूजा आज, 2 अप्रैल 2026 को अपना 52वां जन्मदिन मना रहे हैं। डांस की दुनिया में एक प्रतिष्ठित ब्रांड बन चुके रेमो के लिए यह मुकाम हासिल करना आसान नहीं था। बेंगलुरु की गलियों से निकलकर मायानगरी मुंबई के शिखर तक पहुँचने की उनकी कहानी किसी फिल्मी पटकथा से कम रोमांचक नहीं है। बिना किसी औपचारिक प्रशिक्षण के, केवल जुनून के दम पर उन्होंने खुद को तराशा और आज वह देश के लाखों उभरते डांसरों के लिए सबसे बड़े प्रेरणास्रोत (Icon) बन चुके हैं।
रमेश गोपी से ‘रेमो’ बनने की कहानी
बेहद कम लोग जानते हैं कि रेमो का असली नाम रमेश गोपी है। 2 अप्रैल 1974 को जन्मे रेमो को बचपन से ही अपने मूल नाम से बहुत ज्यादा लगाव नहीं था। जैसे-जैसे वह बड़े हुए और कला की दुनिया में कदम रखा, उन्होंने अपने माता-पिता की सहमति से अपना नाम बदलकर ‘रेमो’ रख लिया। यही नाम आगे चलकर भारतीय फिल्म इंडस्ट्री में डांस और स्टाइल का पर्याय बन गया।
माइकल जैक्सन थे आदर्श
रेमो की सबसे बड़ी खासियत यह है कि उन्होंने कभी किसी डांस एकेडमी से ट्रेनिंग नहीं ली। वह बचपन से ही ‘पॉप किंग’ माइकल जैक्सन के मुरीद थे। वह घंटों जैक्सन के वीडियो देखते, उनके स्टेप्स की बारीकियों को समझते और घर पर ही अभ्यास करते थे। इसी कड़ी मेहनत और अवलोकन (Observation) से उन्होंने अपनी एक मौलिक शैली विकसित की। मुंबई में संघर्ष के शुरुआती दिनों में फिल्म ‘रंगीला’ में बैकग्राउंड डांसर के रूप में मिला एक छोटा सा मौका उनकी जिंदगी का टर्निंग पॉइंट साबित हुआ। इसके बाद कोरियोग्राफर अहमद खान के साथ जुड़कर उन्होंने सोनू निगम के सुपरहिट एल्बम ‘दीवाना’ से अपनी धाक जमा दी।
कोरियोग्राफर से सफल निर्देशक तक का सफर
रेमो ने खुद को केवल कोरियोग्राफी तक सीमित नहीं रखा। उन्होंने निर्देशन के क्षेत्र में कदम रखा और ‘ABCD’ (एनी बॉडी कैन डांस) जैसी फिल्म बनाकर भारत में डांस फिल्मों का एक नया जॉनर (Genre) स्थापित किया। उनकी निर्देशित फिल्मों में ‘ABCD 2’, ‘अ फ्लाइंग जट्ट’, ‘स्ट्रीट डांसर 3D’ और ‘रेस 3’ जैसी बड़े बजट की फिल्में शामिल हैं। आज वह न केवल एक सफल फिल्म निर्माता हैं, बल्कि टीवी रियलिटी शोज़ के सबसे लोकप्रिय जज और ‘ग्रैंड मास्टर’ भी माने जाते हैं।
100 मिस्ड कॉल वाला प्यार
रेमो की सफलता के पीछे उनकी पत्नी लिजेल का अटूट साथ रहा है। संघर्ष के दिनों को याद करते हुए रेमो ने एक बार रियलिटी शो में बताया था कि उस दौर में मोबाइल कॉल बहुत महंगी (करीब 16 रुपये प्रति मिनट) हुआ करती थी। पैसे बचाने के लिए वह लिजेल को दिन भर में 100 से ज्यादा मिस्ड कॉल किया करते थे, ताकि वह अपनी मौजूदगी और प्यार का अहसास करा सकें। आज लिजेल न केवल उनकी जीवनसंगिनी हैं, बल्कि उनके प्रोडक्शन हाउस और करियर को संभालने में भी प्रमुख भूमिका निभाती हैं

