लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि ऐसा क्यों किया जाता है? क्या यह सिर्फ एक पुरानी परंपरा है या इसके पीछे कोई खास वजह है? दरअसल, चेक पर ‘Only’ लिखने का संबंध सीधे आपकी रकम की सुरक्षा से है।
चेक पर ‘Only’ लिखने के पीछे क्या है वजह?
चेक पर रकम लिखने के बाद ‘Only’ लिखने का सबसे बड़ा मकसद धोखाधड़ी की आशंका को कम करना है। जब आप चेक पर शब्दों में रकम भरते हैं तो उसके बाद कुछ खाली जगह बच सकती है। इस खाली जगह का गलत इस्तेमाल करके कोई व्यक्ति रकम में अतिरिक्त शब्द जोड़ने की कोशिश कर सकता है।
उदाहरण के लिए, आपने चेक पर ‘Ten Thousand’ लिखा है और उसके बाद काफी जगह खाली छोड़ दी है। ऐसी स्थिति में कोई व्यक्ति रकम को बढ़ाने के लिए अतिरिक्त शब्द जोड़ने की कोशिश कर सकता है। रकम के आखिर में ‘Only’ लिख देने से इस तरह की छेड़छाड़ की गुंजाइश कम हो जाती है।
क्या चेक पर ‘Only’ लिखना अनिवार्य है?
चेक पर ‘Only’ लिखने को लेकर इसे हर स्थिति में अनिवार्य बताना सही नहीं होगा। हालांकि, कई बैंक अपने ग्राहकों को चेक भरते समय इस तरीके को अपनाने की सलाह देते हैं। इसका उद्देश्य चेक को सुरक्षित रखना और रकम में किसी भी तरह के बदलाव की आशंका कम करना है।
ध्यान रखें कि चेक पर रकम अंकों और शब्दों, दोनों में एक जैसी होनी चाहिए। अगर दोनों में लिखी रकम अलग-अलग है तो भुगतान के समय परेशानी हो सकती है। इसलिए चेक जारी करते समय हर जानकारी ध्यान से भरना जरूरी है।
छोटी सावधानी से बच सकती है बड़ी परेशानी
चेक पर ‘Only’ लिखना भले ही छोटी बात लगे, लेकिन यह सुरक्षा के लिहाज से एक उपयोगी आदत है। चेक में सभी जानकारियां सही भरने और खाली जगह नहीं छोड़ने से अनधिकृत बदलाव का जोखिम कम किया जा सकता है। इसलिए अगली बार चेक जारी करते समय इस छोटी-सी सावधानी को जरूर अपनाएं।

