Bengal Election 2026:पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों ने राज्य की राजनीति को पूरी तरह बदल दिया है। इस बार भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) सबसे बड़ी पार्टी बनकर सामने आई है और पहली बार अपने दम पर सरकार बनाने की स्थिति में पहुंच गई है। वहीं ममता बनर्जी की तृणमूल कांग्रेस (TMC) को बड़ा झटका लगा है और उसे हार का सामना करना पड़ा है।
TMC ने मानी हार
चुनाव नतीजों के बाद TMC ने हार स्वीकार कर ली है। पार्टी के महासचिव अभिषेक बनर्जी ने अपनी पहली प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि लोकतंत्र में जनता का फैसला सबसे ऊपर होता है और उसे सभी को मानना चाहिए। उन्होंने शांतिपूर्ण तरीके से परिणाम स्वीकार करने की बात कही।
मतगणना पर उठे सवाल
हालांकि अभिषेक बनर्जी ने मतगणना की प्रक्रिया पर सवाल भी उठाए। उन्होंने कहा कि इस बार वोटों की गिनती असामान्य रूप से धीमी रही। उनके मुताबिक, पहले जहां कुछ ही घंटों में ज्यादातर गिनती पूरी हो जाती थी, इस बार उसी समय में बहुत कम राउंड पूरे हुए। उन्होंने कुछ जगहों पर गड़बड़ी के आरोप भी लगाए।
EVM को लेकर आरोप
अभिषेक बनर्जी ने दावा किया कि कुछ इलाकों में ईवीएम के आंकड़ों और फॉर्म 17C के डेटा में अंतर देखा गया है। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे काउंटिंग सेंटर पर डटे रहें और पूरी प्रक्रिया पर नजर बनाए रखें। साथ ही मीडिया को पूरी जानकारी न मिलने की बात भी उन्होंने उठाई।
बीजेपी की ऐतिहासिक जीत
बंगाल की 293 सीटों में से बीजेपी ने 200 से ज्यादा सीटें जीतकर इतिहास रच दिया है। TMC को सिर्फ 81 सीटों पर संतोष करना पड़ा। कांग्रेस और अन्य दलों को बहुत कम सीटें मिलीं। एक सीट पर मतदान अभी बाकी है। यह नतीजा राज्य की राजनीति में एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है।
प्रधानमंत्री मोदी का बयान
दिल्ली में बीजेपी मुख्यालय से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस जीत को ऐतिहासिक बताया। उन्होंने कहा कि इस बार चुनाव बिना हिंसा और डर के माहौल में संपन्न हुए, जो लोकतंत्र के लिए बड़ी बात है। उन्होंने इसे जनता की ताकत और विश्वास की जीत बताया।
‘कमल’ हर जगह खिला
अपने भाषण में पीएम मोदी ने कहा कि यह जीत कार्यकर्ताओं की मेहनत का नतीजा है। उन्होंने कहा कि अब ‘गंगोत्री से गंगासागर तक कमल खिल चुका है’, यानी पूरे क्षेत्र में बीजेपी का विस्तार हुआ है। यह पार्टी के लिए एक नया अध्याय है।
किसे मिला जीत का श्रेय
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस जीत में पार्टी नेतृत्व की बड़ी भूमिका रही है। खासकर संगठन स्तर पर की गई मेहनत और रणनीति ने बीजेपी को मजबूत बनाया। इस जीत को आने वाले समय में राज्य की दिशा तय करने वाला माना जा रहा है।

