Gold Silver Buying Tips: धनतेरस और दिवाली से पहले सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट के बीच बाजार में खरीदारी की तैयारी तेज हो गई है। अगर आप भी इस त्योहार पर गहने, सिक्के या चांदी के बर्तन खरीदने की योजना बना रहे हैं तो सिर्फ बाजार भाव देखकर फैसला न करें। सोने-चांदी की शुद्धता, हॉलमार्क, HUID नंबर, मेकिंग चार्ज और बिल की जांच करना भी जरूरी है। छोटी-सी लापरवाही आपकी जेब पर भारी पड़ सकती है।
सोने की शुद्धता और हॉलमार्क जरूर जांचें
सोने के आभूषण खरीदते समय BIS हॉलमार्क देखना न भूलें। हॉलमार्क में BIS का लोगो, सोने की शुद्धता और छह अंकों का अल्फान्यूमेरिक HUID नंबर होना चाहिए। आमतौर पर 22 कैरेट सोने पर 916, 18 कैरेट पर 750 और 14 कैरेट पर 585 की फाइननेस दर्ज होती है।
BIS Care App से चेक करें HUID
हर HUID नंबर एक खास आभूषण के लिए अलग होता है। इसे BIS Care App के ‘Verify HUID’ फीचर से जांचा जा सकता है। इससे आभूषण की शुद्धता, ज्वेलर और हॉलमार्किंग सेंटर से जुड़ी जानकारी मिलती है।
चांदी खरीदते समय इन बातों का रखें ध्यान
चांदी के सिक्के, बर्तन या गहने लेते समय उनकी फाइननेस जरूर पूछें। 925 का मतलब 92.5 प्रतिशत और 999 का मतलब 99.9 प्रतिशत शुद्ध चांदी है। चांदी के आभूषणों पर भी BIS हॉलमार्किंग की व्यवस्था है। सितंबर 2025 से चांदी के लिए HUID आधारित हॉलमार्किंग स्वैच्छिक रूप से लागू है।
मेकिंग चार्ज और नगों का वजन समझें
गहनों की कीमत में सोने के भाव के अलावा मेकिंग चार्ज और अन्य शुल्क भी शामिल होते हैं। खरीदारी से पहले मेकिंग और वेस्टेज चार्ज अलग-अलग पूछें। हीरे या दूसरे नगों वाले गहनों में नेट गोल्ड वेट जरूर पता करें, ताकि पत्थरों का वजन सोने के वजन में शामिल न हो।
बिल में जरूर चेक करें ये जानकारियां
ज्वेलर से पक्का बिल लें। उसमें आभूषण का विवरण, सोने या चांदी का शुद्ध वजन, कैरेट और फाइननेस, हॉलमार्किंग चार्ज, मेकिंग चार्ज और GST का स्पष्ट ब्यौरा होना चाहिए। BIS के नियमों के अनुसार हॉलमार्क वाले आभूषण के बिल में आभूषण का विवरण, शुद्ध धातु का वजन और शुद्धता दर्ज होनी चाहिए।
पुराना सोना बेचने से पहले जान लें ये बातें
पुराने गहने बेचने या एक्सचेंज करने से पहले ज्वेलर की बायबैक पॉलिसी समझें। सोने की शुद्धता और वजन का मूल्यांकन कैसे होगा, कितनी कटौती की जाएगी और मेकिंग चार्ज का क्या होगा, इसकी जानकारी पहले ही ले लें।

