Mahindra Employee Protest: टेक महिंद्रा की कर्मचारी भावना ने नौकरी से निकाले जाने के बाद कंपनी के दुंडिगल कैंपस के बाहर प्रदर्शन शुरू कर दिया है। उनका आरोप है कि उन्हें गलत तरीके से नौकरी से हटाया गया। भावना का कहना है कि उन्होंने अपनी 11 वर्षीय बीमार बेटी की देखभाल के लिए छुट्टी मांगी थी, जिसके बाद कंपनी ने उनके खिलाफ कार्रवाई की। उन्होंने इस मामले में दुंडिगल पुलिस में शिकायत भी दर्ज कराई है। पुलिस ने शुरुआती जांच शुरू करते हुए कंपनी से रिपोर्ट मांगी है। वहीं, टेक महिंद्रा ने कहा है कि वह मामले की समीक्षा कर रही है।
ट्रेनिंग के दौरान बिगड़ी थी तबीयत
भावना के अनुसार, नौकरी जॉइन करने के बाद ट्रेनिंग के दौरान उनकी तबीयत बिगड़ गई थी और वह ऑफिस में बेहोश हो गई थीं। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था। जून में उन्होंने इलाज के लिए 13 दिन की मेडिकल लीव ली। उनका आरोप है कि स्वास्थ्य संबंधी जानकारी देने के बावजूद उन्हें चेतावनी पत्र जारी किया गया। उन्होंने यह भी दावा किया कि एक बार ऑफिस कैब उपलब्ध न होने के कारण वह समय पर कार्यालय नहीं पहुंच सकीं, जिससे उन्हें अतिरिक्त परेशानी का सामना करना पड़ा।
बेटी की बीमारी के बाद मांगी थी छुट्टी
भावना का कहना है कि हाल ही में उनकी बेटी की तबीयत खराब हो गई थी। उन्होंने अपने वरिष्ठ अधिकारियों को इसकी जानकारी देकर छुट्टी का अनुरोध किया। उनके मुताबिक, उन्हें लॉगिन करने और मंजूरी का इंतजार करने के लिए कहा गया, लेकिन बेटी की लगातार कॉल आने पर उन्हें ऑफिस छोड़ना पड़ा। उन्होंने आश्वासन दिया था कि बाद में छूटा हुआ काम पूरा कर देंगी। इसके बाद उन्हें 21 जुलाई तक ड्यूटी जॉइन करने का ईमेल मिला और फिर बिना पक्ष सुने नौकरी समाप्त करने का नोटिस भेज दिया गया।
वर्कप्लेस कल्चर पर भी उठाए सवाल
भावना ने कंपनी के कार्यस्थल के माहौल पर भी सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि कर्मचारियों को अपनी सीट छोड़ने से पहले सूचना देनी पड़ती थी और वॉशरूम जाने जैसी सामान्य गतिविधियों पर भी रिपोर्ट करने की व्यवस्था थी। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है, जबकि कंपनी ने पूरे प्रकरण की आंतरिक समीक्षा शुरू करने की बात कही है।

