हज से लौटने के बाद फराह की सोच में आया बदलाव?
‘बिंदास बोल’ पॉडकास्ट में बातचीत के दौरान विंदू दारा सिंह से पूछा गया कि क्या हज करने के बाद फराह नाज के व्यवहार में बदलाव आया था। इस पर उन्होंने कहा कि फराह के हज से लौटने के बाद उनकी सोच और जिंदगी में काफी बदलाव आया।
विंदू के मुताबिक, फराह इस्लाम धर्म को पूरी तरह अपनाने की दिशा में सोचने लगी थीं, जबकि वह खुद हिंदू परिवार से आते हैं। उन्होंने बताया कि शादी के शुरुआती दिनों में दोनों के बीच धर्म को लेकर कोई खास परेशानी नहीं थी। विंदू ने यह भी कहा कि उस समय वह खुद पूजा-पाठ में ज्यादा विश्वास नहीं रखते थे।
तलाक के बाद भी फराह की तारीफ करते हैं विंदू
विंदू दारा सिंह ने बातचीत में फराह नाज के प्रति कोई कड़वाहट नहीं दिखाई। उन्होंने एक अच्छी मां के तौर पर फराह की तारीफ की। विंदू ने कहा कि फराह ने उनके बेटे की परवरिश बहुत अच्छे तरीके से की है और इसके लिए वह हमेशा उनके आभारी रहेंगे।
उन्होंने अपने बेटे को शानदार इंसान बताया। विंदू के मुताबिक, उनका बेटा सभी धर्मों का सम्मान करता है और उसकी सोच काफी हद तक उनसे मिलती-जुलती है। इससे पता चलता है कि शादी टूटने के बाद भी दोनों ने बेटे की जिम्मेदारी को अहमियत दी।
हिंदू-मुस्लिम शादी पर भी रखी अपनी राय
पॉडकास्ट के दौरान विंदू ने हिंदू और मुस्लिम समुदाय के लोगों के बीच होने वाली शादियों पर भी अपनी राय रखी। उन्होंने अपने परिवार के बुजुर्गों की चिंताओं का जिक्र किया। साथ ही मुगल शासन और धर्म परिवर्तन को लेकर कुछ ऐतिहासिक दावे भी किए।
हालांकि, धर्म परिवर्तन और इतिहास से जुड़ी ये बातें विंदू के निजी विचार और दावे हैं। इन्हें प्रमाणित ऐतिहासिक तथ्यों के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
फिल्मों से दूर हैं फराह नाज
फराह नाज एक समय हिंदी सिनेमा की जानी-मानी अभिनेत्रियों में शामिल थीं। उन्होंने कई फिल्मों में काम किया, लेकिन लंबे समय से मनोरंजन जगत से दूरी बनाए हुए हैं। वह अब अपनी निजी जिंदगी पर ध्यान देना पसंद करती हैं और मीडिया की चकाचौंध से भी दूर रहती हैं।

