Ratna Singh Suicide Case Update: लखनऊ में रतना सिंह आत्महत्या मामले में पुलिस ने जांच तेज कर दी है। इस मामले में फरार चल रहे बिल्डर समेत चार आरोपितों पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है। पुलिस लगातार कई जिलों में दबिश देकर आरोपितों की तलाश कर रही है। इसके साथ ही निर्माणाधीन अपार्टमेंट और ऑफिस की जांच के लिए लखनऊ विकास प्राधिकरण यानी एलडीए को भी पत्र भेजा गया है।
पांच जिलों में चल रही छापेमारी
पुलिस उपायुक्त पूर्वी Dr. Diksha Sharma ने बताया कि आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की तीन टीमें बनाई गई हैं। ये टीमें बाराबंकी, गोरखपुर, देवरिया समेत पांच जिलों में लगातार छापेमारी कर रही हैं। गोमती नगर विस्तार थाना पुलिस अब आरोपितों के खिलाफ गैर जमानती वारंट की प्रक्रिया भी पूरी कर रही है।
वीडियो बनाकर लगाए थे गंभीर आरोप
गोरखपुर कैंट इलाके की रहने वाली 32 वर्षीय रतना सिंह मानसून सैलून में मैनेजर के पद पर काम करती थीं। उन्होंने 11 मई की रात शालीमार वन वर्ल्ड स्थित अपने फ्लैट में आत्महत्या कर ली थी। आत्महत्या से पहले रतना ने एक वीडियो बनाया था। वीडियो में उन्होंने बिल्डर और होटल कारोबारी शरद सिंह, उनकी पत्नी पल्लवी, मंगलनाथ यादव, वैशाली और कुछ अन्य लोगों को अपनी मौत का जिम्मेदार बताया था।रतना के पिता ने इस मामले में बेटी को आत्महत्या के लिए मजबूर करने का केस दर्ज कराया था। इसके बाद पुलिस ने जांच शुरू की और कई अहम साक्ष्य जुटाए।
होटल, सैलून और गाड़ियां की गईं सील
गोमती नगर विस्तार पुलिस ने शुक्रवार को शरद सिंह से जुड़े विरासत होटल, सैलून और अन्य व्यापारिक प्रतिष्ठानों को सील कर दिया था। पुलिस ने मामले में इस्तेमाल या संबंधित मानी जा रही कई गाड़ियों को भी केस प्रॉपर्टी में शामिल किया है।इनमें स्विफ्ट कार, स्कॉर्पियो एन और वोल्वो कार शामिल हैं। सभी वाहनों के नंबर पुलिस रिकॉर्ड में दर्ज कर लिए गए हैं। पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे भी कार्रवाई की जाएगी।
एलडीए करेगा निर्माण कार्यों की जांच
डीसीपी ने बताया कि आरोपित बिल्डर से जुड़े निर्माणाधीन अपार्टमेंट, बिल्डिंग और ऑफिस की जांच के लिए एलडीए को पत्र भेजा गया है। एलडीए की टीम अब निर्माण से जुड़े दस्तावेजों की जांच कर रही है। अगर जांच में किसी तरह की गड़बड़ी मिलती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस जल्द कर सकती है बड़ी कार्रवाई
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फरार आरोपितों को जल्द गिरफ्तार करने की कोशिश जारी है। गैर जमानती वारंट जारी होने के बाद आरोपितों पर कानूनी दबाव और बढ़ जाएगा। पुलिस पूरे मामले की हर पहलू से जांच कर रही है ताकि रतना सिंह की मौत से जुड़े सभी तथ्यों को सामने लाया जा सके।

