Entertainment News: हिंदी सिनेमा के दिग्गज अभिनेता प्राण ने पर्दे पर जितने दमदार विलेन निभाए, असल जिंदगी में उनका स्वभाव उससे बिल्कुल अलग था। उनकी शानदार एक्टिंग की वजह से लोग उन्हें अक्सर वास्तविक जीवन में भी सख्त और डरावना इंसान समझ लेते थे। अभिनेत्री अरुणा ईरानी भी कभी ऐसा ही सोचती थीं, लेकिन एक घटना ने उनकी पूरी सोच बदल दी।
शूटिंग के दौरान होटल में रुकना पड़ा
अरुणा ईरानी ने ‘द कपिल शर्मा शो’ में यह दिलचस्प किस्सा सुनाया था। उन्होंने बताया कि एक फिल्म की शूटिंग के सिलसिले में वह और प्राण विदेश गए थे। वापसी के दौरान फ्लाइट में देरी होने की वजह से दोनों को कोलकाता के एक होटल में रात बितानी पड़ी।
उस समय अरुणा इंडस्ट्री में नई थीं और उनकी उम्र करीब 18-19 साल थी। प्राण की पर्दे वाली छवि उनके मन में इतनी गहरी थी कि वह उनके साथ होटल में रुकने को लेकर काफी घबराई हुई थीं।
डिनर के बाद और बढ़ गई थी घबराहट
अरुणा ने बताया कि होटल में दोनों ने साथ डिनर किया। इस दौरान प्राण ने कुछ पेग भी लिए। यह देखकर उनकी चिंता और बढ़ गई। उन्हें लगा कि अब न जाने क्या होगा।हालांकि, इसके बाद जो हुआ, उसने उन्हें पूरी तरह भावुक कर दिया।
प्राण की एक बात ने जीत लिया दिल
रात को अपने-अपने कमरों में जाने से पहले प्राण ने मुस्कुराते हुए कहा, “तुम अपने कमरे में आराम से जाओ, मैं पास वाले कमरे में ही हूं। अगर किसी भी चीज की जरूरत पड़े तो मुझे बता देना।प्राण के इन शब्दों ने अरुणा ईरानी का डर पलभर में दूर कर दिया। उन्हें एहसास हुआ कि उन्होंने सिर्फ फिल्मों के किरदारों के आधार पर प्राण के व्यक्तित्व का गलत आकलन किया था।
कमरे में जाकर फूट-फूटकर रो पड़ीं
अरुणा ईरानी ने बताया कि अपने कमरे में पहुंचते ही वह रोने लगीं। उन्हें इस बात का अफसोस था कि उन्होंने बिना जाने-समझे प्राण के बारे में गलत धारणा बना ली थी। उस दिन उन्हें महसूस हुआ कि पर्दे का विलेन असल जिंदगी में बेहद सज्जन, संवेदनशील और दूसरों का सम्मान करने वाला इंसान था।
आज भी याद किया जाता है यह किस्सा
प्राण का यह व्यवहार इस बात का उदाहरण है कि किसी कलाकार को उसके निभाए गए किरदारों से नहीं, बल्कि उसके असली व्यक्तित्व से पहचानना चाहिए। अरुणा ईरानी का यह अनुभव आज भी बॉलीवुड के सबसे भावुक और प्रेरणादायक किस्सों में गिना जाता है।

