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गुरूवार, जुलाई 30, 2026
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सोनम वांगचुक ने मोदी सरकार के फैसले का किया स्वागत, बोले- मैं खुश हूं, छात्रों को लेकर कही अहम बात

Trending News: नीट पेपर लीक मुद्दे पर 26 दिनों तक अनशन करने वाले सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने केंद्र सरकार के नए कदम का स्वागत किया है। उन्होंने लोकसभा में परीक्षा लीक रोकने के लिए लाए गए संशोधन विधेयक पर खुशी जताते हुए कहा कि यह सही दिशा में उठाया गया कदम है। साथ ही उन्होंने उम्मीद जताई कि सरकार सिर्फ परीक्षाओं तक सीमित न रहे, बल्कि पूरी शिक्षा व्यवस्था में सुधार की दिशा में भी काम करे।

संसद में बिल आने पर जताई खुशी

दिल्ली में आंदोलन के बाद लद्दाख लौटते समय सोनम वांगचुक ने एक वीडियो संदेश जारी किया। उन्होंने कहा कि संसद में परीक्षा सुधार और पेपर लीक रोकने के लिए विधेयक लाया जाना सकारात्मक संकेत है। उनके अनुसार, इससे युवाओं का भरोसा मजबूत होगा और भविष्य में परीक्षा प्रणाली अधिक पारदर्शी बन सकेगी।उन्होंने कहा कि सुधार केवल परीक्षा प्रक्रिया तक सीमित नहीं रहने चाहिए, बल्कि शिक्षा व्यवस्था को भी बेहतर बनाने की जरूरत है।

सरकार से की यह खास अपील

सोनम वांगचुक ने सरकार से अपने पुराने समझौते का सम्मान करने की भी अपील की। उन्होंने कहा कि आंदोलन के दौरान यह भरोसा दिया गया था कि प्रदर्शन में शामिल छात्रों और युवाओं पर कानूनी कार्रवाई नहीं होगी। सरकार को इस वादे पर कायम रहना चाहिए ताकि युवाओं के बीच विश्वास का माहौल बना रहे।उन्होंने कहा कि देश के युवाओं को साथ लेकर ही मजबूत और विकसित भारत का निर्माण किया जा सकता है।

वंदे भारत यात्रा का भी साझा किया अनुभव

अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद सोनम वांगचुक पहले राजघाट पहुंचे, जहां उन्होंने महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि दी। इसके बाद वह वंदे भारत ट्रेन से नई दिल्ली से श्रीनगर पहुंचे। उन्होंने इस यात्रा को शानदार अनुभव बताया और भारतीय रेलवे की सराहना की। साथ ही उन्होंने चिनाब ब्रिज देखने की अपनी इच्छा भी साझा की।

नए कानून में क्या हैं सख्त प्रावधान?

लोकसभा से पारित ‘लोक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026’ में पेपर लीक और संगठित परीक्षा धांधली पर कड़ी कार्रवाई का प्रावधान किया गया है।इस विधेयक के तहत दोषियों को 10 साल तक की जेल, 10 करोड़ रुपये तक का जुर्माना, संपत्ति जब्त करने की व्यवस्था, विशेष फास्ट ट्रैक अदालतों का गठन और समयबद्ध जांच जैसे प्रावधान शामिल किए गए हैं। हालांकि, यह विधेयक अभी राज्यसभा से पारित होना बाकी है।

सरकार का मानना है कि इन सख्त प्रावधानों से प्रतियोगी परीक्षाओं में पारदर्शिता बढ़ेगी और पेपर लीक जैसी घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाने में मदद मिलेगी। वहीं, सोनम वांगचुक ने इसे सकारात्मक शुरुआत बताते हुए शिक्षा क्षेत्र में लगातार सुधार की आवश्यकता पर जोर दिया।

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