Air India ने बढ़ती ईंधन लागत और पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच यात्रियों के लिए नई रणनीति पर काम शुरू कर दिया है। एयरलाइन घरेलू उड़ानों और दो घंटे से कम की छोटी अंतरराष्ट्रीय उड़ानों में मिलने वाले मुफ्त भोजन (मील्स) को अब ऑप्शनल बनाने की तैयारी में है। इस फैसले के लागू होने के बाद यात्रियों को टिकट बुकिंग के समय भोजन का विकल्प चुनना होगा, और अगर वे भोजन नहीं लेते हैं तो टिकट की कीमत में करीब 250 रुपये तक की राहत मिल सकती है। यह बदलाव अगले एक-दो महीनों में लागू हो सकता है।
बढ़ती लागत के दबाव में एयर इंडिया
पश्चिम एशिया, खासकर ईरान संकट के चलते वैश्विक स्तर पर एविएशन टरबाइन फ्यूल (ATF) की कीमतों में तेजी आई है। Air India पहले ही घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर फ्यूल सरचार्ज लागू कर चुकी है। एयरलाइन ने मार्च और अप्रैल में ईंधन अधिभार में बदलाव की घोषणा की थी ताकि बढ़ती लागत का असर कम किया जा सके।
बिजनेस क्लास में लाउंज एक्सेस भी हो सकता है ऑप्शनल
खाने के अलावा एयर इंडिया बिजनेस क्लास यात्रियों के लिए एयरपोर्ट लाउंज एक्सेस को भी ऑप्शनल बनाने पर विचार कर रही है। इससे जो यात्री लाउंज सुविधा नहीं लेना चाहते, उन्हें टिकट में अतिरिक्त छूट मिल सकती है। बड़े एयरपोर्ट्स पर लाउंज एक्सेस की लागत 1,100 से 1,400 रुपये तक होती है।
क्यों लिया जा रहा है यह फैसला?
सूत्रों के मुताबिक, भारतीय ग्राहक किराए को लेकर बेहद संवेदनशील होते हैं। यदि टिकट महंगे होते हैं तो कई यात्री ट्रेन या बस का विकल्प चुन लेते हैं। ऐसे में एयरलाइन टिकट कीमतों को प्रतिस्पर्धी बनाए रखने के लिए सेवाओं को अलग-अलग विकल्पों में बांटने की रणनीति अपना रही है।
एयर इंडिया एक्सप्रेस की भूमिका बढ़ेगी
एयर इंडिया ग्रुप अपने नैरो-बॉडी विमानों को धीरे-धीरे Air India Express के बेड़े में शामिल करने की योजना बना रहा है। इन विमानों में सामान्यतः मुफ्त भोजन और लाउंज सुविधा नहीं होती, जिससे परिचालन लागत कम होती है।
यात्रियों पर क्या होगा असर?
अगर यह नई व्यवस्था लागू होती है, तो यात्रियों को अपनी जरूरत के हिसाब से सेवाएं चुनने का विकल्प मिलेगा। इससे टिकट कीमतों में लचीलापन आएगा और कम बजट वाले यात्रियों को फायदा मिल सकता है। हालांकि, इससे फुल-सर्विस और लो-कॉस्ट एयरलाइंस के बीच का अंतर और कम हो सकता है।

